📖 कथा सागर

भक्ति कथाएँ

पुराणों, रामायण, महाभारत, गीता, उपनिषदों और संतों की वे कथाएँ जो पीढ़ियों से हमें राह दिखाती आई हैं। कोई बुकिंग नहीं, कोई लॉग-इन नहीं: बस पढ़िए और मन में उतारिए।

भगवद्गीता · 3 कथाएँ

भगवद्गीताकथा-सार · 2 मिनट

अर्जुन का विषाद: जब महायोद्धा के हाथ से गांडीव छूट गया

कुरुक्षेत्र में दोनों सेनाओं के बीच खड़े अर्जुन ने अपनों को सामने देखा और धनुष रख दिया। यहीं से गीता का जन्म हुआ।

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भगवद्गीताकथा-सार · 2 मिनट

कर्मण्येवाधिकारस्ते: कर्म पर अधिकार, फल पर नहीं

गीता का सबसे प्रसिद्ध श्लोक हमें फल की चिंता छोड़कर कर्म करने को कहता है। पर क्या इसका अर्थ है कि परिणाम की परवाह ही न करें?

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भगवद्गीताकथा-सार · 2 मिनट

स्थितप्रज्ञ कौन है?

अर्जुन ने पूछा, जिसकी बुद्धि स्थिर हो, वह कैसे बोलता, बैठता और चलता है? श्रीकृष्ण का उत्तर आज भी मन की शांति का सूत्र है।

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🪔 कथा पढ़ी, अब एक दीप जलाएँ

पवित्र घाट पर आपके नाम से दीपदान, और उसका वीडियो सीधे व्हाट्सऐप पर।

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